Case Of Forgery In Si Recruitment In Haryana – अब एसआई भर्ती में भी फर्जीवाड़ा: बायोमेट्रिक में अंगूठों का मिलान नहीं, दूसरों से दिलाई परीक्षा

सोमदत्त शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Wed, 24 Nov 2021 10:21 AM IST

सार

एसआई में चयन होने के बावजूद 15 एसआई आयोग को तहसीलदार हस्ताक्षरित शपथ पत्र देने नहीं आए। दूसरा, कई अभ्यर्थियों के शपथ पत्र में तहसीलदारों ने लिखा है कि इनके घर में सरकारी नौकरी है। इस तरह से प्रमाण पत्र भी आयोग के पास जमा कराए गए हैं।

हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग
– फोटो : www.hssc.gov.in

ख़बर सुनें

हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) की डेंटल सर्जन, एचसीएस प्राथमिक परीक्षा के बाद अब हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (एचएसएससी) की पुलिस सब इंस्पेक्टर (एसआई) भर्ती में भी फर्जीवाड़ा सामने आया है। इसका खुलासा तहसीलदार हस्ताक्षरित शपथ पत्र देने आए चयनित अभ्यर्थियों के दोबारा से बायोमेट्रिक निशान लेने से हुआ है। कई अभ्यर्थियों के अंगूठे के निशान का मिलान परीक्षा के समय के निशान से नहीं हुआ। आयोग को आशंका है कि इन युवाओं ने सॉल्वर गैंग से परीक्षा दिलाई है। इनकी सूची तैयार कर पुलिस को सौंपी जाएगी।

400 पुरुष और 65 महिला एसआई की भर्ती में 360 अभ्यर्थियों को सामाजिक आधार (परिवार में सरकारी नौकरी नहीं) पर पांच अंक अतिरिक्त मिले हैं, जिसके आधार पर चयन हुआ है। आयोग को स्व-हस्ताक्षरित शपथ पत्र दे रखा कि उनके परिवार का कोई सदस्य सरकारी नौकरी पर नहीं है। 

परिणाम जारी होने के बाद आयोग के पास शिकायत पहुंची की काफी संख्या में युवाओं में झूठे शपथ पत्र दे रखे हैं। प्रारंभिक जांच में 22 के शपथ पत्र झूठे मिले। आयोग ने जांच के लिए दस 10 दिन पहले 360 एसआई से तहसीलदार हस्ताक्षरित शपथ पत्र मांगा था। 22 नवंबर को पंचकूला के परेड ग्राउंड में जब ये शपथ पत्र देने आए तो सभी के बायोमैट्रिक निशान लिए। जब इनका मिलान परीक्षा के समय के बायोमैट्रिक निशान से किया तो वे मैच नहीं हुए। फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद आयोग अब इनकी सूची तैयार कर जल्द ही पूरे दस्तावेज पुलिस को सौंपेगा।

झूठे शपथ पत्र देने वाले कई अभ्यर्थी ऐसे हैं कि उनके सामाजिक आधार पर हासिल किए पांच अंक काट दिए जाएं तो भी वे चयन सूची में आते हैं। आयोग इस मामले में भी कानूनी राय ले रहा है कि क्योंकि अभ्यर्थियों ने आयोग को गलत जानकारी दी है, उनके खिलाफ केस दर्ज कराया जाए या नहीं।

व्यापम से भी बड़ा घोटाला, हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से कराएं जांच
सीएम ‘बिना पर्ची, बिना खर्ची’ के नारे लगा रहे हैं, जबकि प्रदेश में नौकरियों की बिक्री मंडी खुल चुकी है, जहां पर खर्ची अटैची तक पहुंच गई है। नौकरियों का घोटाला व्यापम से भी बड़ा है। एचपीएससी और एचएसएससी को बर्खास्त कर हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता में जांच कराई जाए। – रणदीप सिंह सुरजेवाला, राष्ट्रीय महासचिव, कांग्रेस

विजिलेंस के बस की बात नहीं होगी तो कराएंगे चीफ जस्टिस से जांच
हमें अपने सिस्टम पर विश्वास है। विजिलेंस जांच कर रही है जब उनके बस से बाहर होगा तब चीफ जस्टिस से कराएंगे। हम पर्ची और खर्ची पर नौकरियां कभी नहीं चलने देंगे। हमारी सरकार नौकरियों में भ्रष्टाचार करने वालों को सजा दिलवाने का काम कर रही है। प्रदेश में योग्यता के आधार पर नौकरियां मिल रही हैं। – सीएम मनोहर लाल, हरियाणा।

विस्तार

हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) की डेंटल सर्जन, एचसीएस प्राथमिक परीक्षा के बाद अब हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (एचएसएससी) की पुलिस सब इंस्पेक्टर (एसआई) भर्ती में भी फर्जीवाड़ा सामने आया है। इसका खुलासा तहसीलदार हस्ताक्षरित शपथ पत्र देने आए चयनित अभ्यर्थियों के दोबारा से बायोमेट्रिक निशान लेने से हुआ है। कई अभ्यर्थियों के अंगूठे के निशान का मिलान परीक्षा के समय के निशान से नहीं हुआ। आयोग को आशंका है कि इन युवाओं ने सॉल्वर गैंग से परीक्षा दिलाई है। इनकी सूची तैयार कर पुलिस को सौंपी जाएगी।

400 पुरुष और 65 महिला एसआई की भर्ती में 360 अभ्यर्थियों को सामाजिक आधार (परिवार में सरकारी नौकरी नहीं) पर पांच अंक अतिरिक्त मिले हैं, जिसके आधार पर चयन हुआ है। आयोग को स्व-हस्ताक्षरित शपथ पत्र दे रखा कि उनके परिवार का कोई सदस्य सरकारी नौकरी पर नहीं है। 

परिणाम जारी होने के बाद आयोग के पास शिकायत पहुंची की काफी संख्या में युवाओं में झूठे शपथ पत्र दे रखे हैं। प्रारंभिक जांच में 22 के शपथ पत्र झूठे मिले। आयोग ने जांच के लिए दस 10 दिन पहले 360 एसआई से तहसीलदार हस्ताक्षरित शपथ पत्र मांगा था। 22 नवंबर को पंचकूला के परेड ग्राउंड में जब ये शपथ पत्र देने आए तो सभी के बायोमैट्रिक निशान लिए। जब इनका मिलान परीक्षा के समय के बायोमैट्रिक निशान से किया तो वे मैच नहीं हुए। फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद आयोग अब इनकी सूची तैयार कर जल्द ही पूरे दस्तावेज पुलिस को सौंपेगा।


Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button